पत्रकार बलजीत अटवाल।

अनूपगढ़, राजस्थान।
पंचायत समिति, घड़साना अंतर्गत ग्राम पंचायत 3/4 एसएम (देशली) में सरपंच ताराचंद मेघवाल द्वारा अपने पद का दुरूपयोग करने और पंचायत क्षेत्र में मनरेगा कार्यों, पीएम आवास योजना व अन्य कार्यों के क्रियान्वयन में किए गए भ्रष्टाचार की जांच जिला कलेक्टर अवधेश मीणा के निर्देश पर जिला परिषद के अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी राजेन्द्र जोईया के निर्देशन में गठित 4 सदस्यीय जांच कमेटी द्वारा की जा रही है।
ज्ञात रहे कि उक्त मांग को लेकर ग्रामीण 20 दिसंबर को तेईसवें दिन पंचायत समिति भवन, घड़साना के समक्ष लगाए गए अनिश्चितकालीन धरने पर मौजूद थे, धरनास्थल पर उपखंड अधिकारी, अनूपगढ़ सुरेश राव एवं विकास अधिकारी, घड़साना रामचंद्र मीणा की मौजूदगी में हुई सकारात्मक वार्ता के बाद धरना समाप्त करवाया गया।
23 दिसंबर को ग्रामीणों का एक शिष्टमंडल उपखंड अधिकारी सुरेश राव से उनके कार्यालय (अनूपगढ़) में मिला, उन्होंने दूरभाष पर जिला परिषद के अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी राजेंद्र जोईया को जांच कमेटी संबंधी लिखित कार्यालय आदेश की जानकारी देने को कहा, इस पर जोईया ने कहा कि जांच कमेटी संबंधी लिखित कार्यालय आदेश पंचायत समिति घड़साना में विकास अधिकारी कार्यालय में उपलब्ध करवा दिया गया है। इस प्रकार ग्रामीणों ने उक्त कार्यालय आदेश विकास अधिकारी कार्यालय, घड़साना से प्राप्त कर लिया। इसकी एक प्रति India Meet TV को उपलब्ध करवाई गई है।
19 दिसंबर को जारी कार्यालय जिला परिषद के पत्र क्रमांक जिपअ/ जांच/ 2024/ 587 के अनुसार, जिला कलेक्टर के समक्ष जिला स्तरीय जनसुनवाई में दर्ज परिवाद (शिकायत पत्र 2611 एवं 2612) में वर्णित शिकायत पर जांच रिपोर्ट तैयार करने के लिए 4 सदस्यीय जांच कमेटी गठित की गई है, जिसमें प्रशासनिक कारणों से संशोधन किया गया है। जांच कमेटी संलग्न दस्तावेज एवं शिकायत पत्र का गहन परीक्षण करते हुए 5 दिवस में तथ्यात्मक जांच प्रतिवेदन अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी के समक्ष प्रस्तुत करेगी। उक्त जांच कमेटी में मनोज कुमार (सहायक अभियंता, पंस घड़साना), शिव कुमार (लेखाधिकारी ग्रेड द्वितीय, पंस घड़साना), राजेंद्र किलानिया (सहायक विकास अधिकारी, पंस घड़साना) और सुनील कुमार (वरिष्ठ तकनीकी सहायक, पंस अनूपगढ़) शामिल हैं।
कार्यालय उपखंड अधिकारी, अनूपगढ़ में पहुंचे ग्रामीणों के शिष्टमंडल में प्रेम कुमार, गिरधारी सहारण, अंजू सिंह गिल, बलजिंदर सिंह एवं राजकुमार शामिल थे।