पत्रकार बलजीत अटवाल।

संगरुर, पंजाब।
एमएससी गारंटी कानून सहित अन्य मांगों को लेकर आमरण अनशन कर रहे किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल के अनशन को गुरुवार को 52 दिन हो चुके हैं। उनकी तबीयत बिगड़ रही है, लेकिन वे मेडिकल ट्रीटमेंट नहीं ले रहे हैं। वालंटियर चिकित्सक द्वारा उनकी नियमित जांच की जा रही है। उनका वजन काफी कम हो गया है।
गुरुवार देर शाम को किसान नेता अभिमन्यु कोहाड़ ने एक संदेश में डल्लेवाल की तबीयत को लेकर अहम जानकारी साझा की। उन्होंने सुप्रीम कोर्ट के वकील पर आरोप लगाते हुए कहा कि वे डल्लेवाल की तबीयत के बारे में सही जानकारी नहीं दे रहे हैं, जबकि हर किसी को इस पर गंभीरता से विचार करना चाहिए और डल्लेवाल के समर्थन में एकजुटता व्यक्त करनी चाहिए। इस अवसर पर उनके साथ वालंटियर चिकित्सक डॉ अवतार सिंह भी मौजूद थे।

उधर, राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने एक संदेश में कहा कि किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल की तबीयत में लगातार गिरावट आ रही है। इन 51 दिनों में केन्द्र सरकार एवं पंजाब सरकार ने पूरी तरह असंवेदनशीलता का परिचय दिया है। यही वजह है कि अब 111 अन्य किसान भी अपनी बात सरकार के सामने रखने के लिए आमरण अनशन करने पर मजबूर हो गए हैं। 03 काले किसान कानूनों के विरोध में करीब 700 किसानों की जान जाने के बाद सरकार ने उनकी बात सुनी। यह समझ के परे है कि बार-बार ऐसी स्थिति क्यों बनती है एवं सरकार किसानों के प्रतिनिधिमंडल से वार्ता कर समाधान क्यों नहीं निकालना चाहती।